Mukhiyajee Report / Lucknow : ऑल इंडिया स्वर्णकार समाज एवं ज्वैलर्स एसोसिएशन का राष्ट्रीय महाधिवेशन रविवार को चिनहट स्थित वाटर पार्क में संपन्न हुआ। देश-विदेश से जुटे प्रतिनिधियों के बीच व्यापारिक हितों, सुरक्षा और सम्मान से जुड़े मुद्दों पर विमर्श हुआ। कार्यक्रम में उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक की मौजूदगी ने अधिवेशन को विशेष महत्व दिया। उन्होंने स्वर्णकार समाज की अहमियत बताते हुए कहा कि सामाजिक और आर्थिक भूमिका को रेखांकित किया। उन्होंने कहा कि स्वर्णकार समाज परंपरा, कौशल और अर्थव्यवस्था, तीनों का मजबूत स्तंभ है। सरकार व्यापारियों की समस्याओं के समाधान के लिए संवाद और सहयोग के रास्ते पर है।

अधिवेशन की अध्यक्षता संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष मुकुल वर्मा ने की। उन्होंने कहा कि नए साल में 2026 तक संगठन के विस्तार और संरचनात्मक मजबूती पर जोर दिया। वहीं, संरक्षक लोकेश अग्रवाल ने व्यापारियों के कथित पुलिस उत्पीड़न का मुद्दा उठाते हुए मांग की कि पुलिस की ओर से स्पष्ट एडवाइजरी जारी की जाए, ताकि व्यापारी भयमुक्त होकर व्यवसाय कर सकें। कार्यक्रम का संचालन कर रहे चेयरमैन किशोर सक्सेना ने जीएसटी अधिकारियों से जुड़ी परेशानियों की ओर ध्यान दिलाया और कर-प्रशासन में संवेदनशीलता की जरूरत बतायी। इसी तरह, राष्ट्रीय महामंत्री पुष्पेंद्र जायसवाल ने बताया कि लखनऊ में संगठन के लिए राष्ट्रीय कार्यालय की स्थापना प्रस्तावित है, जहां समाज के लिए स्कूल, गेस्ट हाउस और कार्यालय की सुविधाएं विकसित की जाएंगी।

इस महाधिवेशन में सभी प्रदेशों से 150 से अधिक अध्यक्ष-जिलाध्यक्ष पहुंचे थे। इसके अलावा विदेशों से भी प्रतिनिधि शामिल हुए। इनमें नेपाल, भूटान और कनाडा के प्रतिनिधि प्रमुख रूप से शिरकत किये। सबसे बड़ी बात यह रही कि करीब 500 महिला पदाधिकारियों की सक्रिय भागीदारी रही। कार्यक्रम में मंत्री नंदकिशोर, लखनऊ की मेयर सुषमा खड़वाल, विधायक सलिल बिश्नोई, अरुण पाठक, अंजू अग्रवाल, पवन अग्रवाल (मथुरा), टीटू भैया, राजनाथ, चंद्रवीर सोनी, मनोज वर्मा (उत्तराखंड), सेवक सिंह, संजय सोनी (नेपाल), अविनाश वर्मा (महाराष्ट्र), चंद्रवीर सोनी (राजस्थान), जितेंद्र महाजन (बदायूं), रामनारायण सोनी (झारखंड), पृथ्वी विनोद माहेश्वरी, शरद अग्रवाल, अविनाश सेठ, सुधीर सोनी सहित अनेक गणमान्य उपस्थित रहे। अधिवेशन में कुमारी तृप्ति को उत्तर प्रदेश महिला अध्यक्ष नियुक्त किए जाने की घोषणा भी की गयी। समापन सत्र में यह संदेश उभरकर आया कि स्वर्णकार समाज संगठित होकर संवाद, सुरक्षा और सम्मान सुरक्षा और सम्मान के साथ अपने व्यापारिक भविष्य को मजबूत करेगा।




