मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने की समीक्षा बैठक, 2 जुलाई से मलाहीपकड़ी तक दौड़ेगी पटना मेट्रो

Rajesh Thakur | Patna

मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने सोमवार को लोकसेवक आवास में पटना मेट्रो रेल परियोजना की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की और अधिकारियों को निर्धारित समयसीमा के भीतर सभी कार्यों को गुणवत्तापूर्ण ढंग से पूरा करने का निर्देश दिया। उन्होंने स्पष्ट किया कि राज्य की महत्वाकांक्षी शहरी परिवहन परियोजना में किसी भी स्तर पर लापरवाही या गुणवत्ता से समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा। समीक्षा बैठक के दौरान मुख्यमंत्री ने परियोजना के सभी चरणों के लिए स्पष्ट टाइमलाइन तय करने तथा विभिन्न स्थलों पर समानांतर रूप से निर्माण कार्यों को तेज गति से आगे बढ़ाने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि नियमित मॉनिटरिंग और सतत समीक्षा के माध्यम से प्रत्येक चरण का कार्य समयबद्ध तरीके से पूरा किया जाना चाहिए, ताकि राजधानी को आधुनिक सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था का लाभ शीघ्र मिल सके।

मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने सोशल मीडिया के माध्यम से जानकारी दी है कि आगामी 2 जुलाई 2026 को पटना मेट्रो रेल परियोजना के विस्तारित खंड का मलाहीपकड़ी तक लोकार्पण किया जाएगा। उन्होंने इसे बिहार की आधुनिक, सुरक्षित और सुदृढ़ शहरी परिवहन प्रणाली की दिशा में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि बताया। उन्होंने बताया कि मेट्रो विस्तार से राजधानी के लाखों लोगों को बेहतर, तेज और सुविधाजनक यात्रा का विकल्प उपलब्ध होगा तथा शहर की बढ़ती यातायात चुनौतियों के समाधान में भी मदद मिलेगी। बैठक में निर्माण कार्य की गुणवत्ता को सर्वोच्च प्राथमिकता देने पर विशेष बल दिया गया।

मुख्यमंत्री ने अधिकारियों से कहा कि परियोजना की गति के साथ-साथ निर्माण मानकों का भी पूरी कठोरता से पालन सुनिश्चित किया जाए, ताकि भविष्य में किसी प्रकार की तकनीकी या संरचनात्मक समस्या उत्पन्न न हो। उन्होंने यह भी निर्देश दिया कि निर्माण कार्यों के दौरान आम नागरिकों को न्यूनतम असुविधा हो, इसके लिए प्रभावी और समग्र ट्रैफिक प्रबंधन योजना तैयार की जाए तथा उसका सख्ती से अनुपालन कराया जाए। राजधानी के व्यस्त इलाकों में चल रहे निर्माण कार्यों के कारण लोगों को होने वाली परेशानियों को कम करना प्रशासन की प्राथमिक जिम्मेदारी है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि पटना मेट्रो केवल एक परिवहन परियोजना नहीं, बल्कि तेजी से विकसित हो रहे बिहार की नयी शहरी सोच और आधुनिक बुनियादी ढांचे का प्रतीक है। समयबद्ध क्रियान्वयन, उच्च गुणवत्ता और जनसुविधा को केंद्र में रखकर इस परियोजना को आगे बढ़ाया जाएगा, ताकि राजधानी पटना देश के प्रमुख महानगरों की तर्ज पर आधुनिक सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था से सुसज्जित हो सके।